Aaj ka Suvichar

“जीवन ना तो भविष्य में है, 
और ना ही भूतकाल में है, 
जीवन तो सिर्फ वर्तमान में ही है।

Jivan Na To Bhavishy Mein Hai, 
Aur Na Hi Bhootakal Mein Hai, 
Jivan To Sirph Vartaman Mein Hi Hai.


“गलत तरीके अपनाकर सफल होने से यही बेहतर है
सही तरीके के साथ काम करके असफल होना।“
“बुराई से असहयोग करना मानव का पवित्र कर्तव्य है।” 
           – महात्मा गांधी सुविचार
“चुनौतिया ही जिंदगी को रोमांचक बनाती है 
और इसी से आपके ज़िन्दगी का महत्त्व निर्माण होता है।”
“जीवन ना तो भविष्य में है, 
और ना ही भूतकाल में है, 
जीवन तो सिर्फ वर्तमान में ही है।
कर्म सुख भले ही न ला सके, 
     परंतु कर्म के बिना सुख नहीं मिलता।
“हम चीजो को उस तरह से नही देखते 
जिस तरह से वे है बल्कि हम चीजो को
 उस तरह से देखते है जिस तरह के हम है।
“लगातार श्रम करना ही आपकी सफलता का साथी है, 
 इसलिए श्रम को सकारात्मक बनाएं विनाशक नहीं। 
श्रम एक अपराधी भी करता है, 
 लेकिन उसका लक्ष्य सिर्फ किसी को नुकसान पहुंचाना या फिर उसकी जान लेना ही होता है।”
“अपनी जिंदगी में अगर वाकई कुछ हासिल करना है तो, 
   अपने तरीकों को बदलों अपने इरादों को कभी नहीं।।”
“जिसके पास धैर्य है,
       वह जो चाहे वो पा सकता है…”